इमली के बिना समोसे, पकोड़े, कचौड़ी और दही वड़ा का स्वाद अधूरा है। खट्टी मीठी इमली की चटनी खाने के स्वाद को गई गुना बढ़ा देती है। हालांकि कई बार लोगों को हलवाई स्टाइल इमली की चटनी बनाना नहीं आता तो वो टमाटर की सॉस से काम चला लेते हैं। अगर आपको भी इमली की चटनी का स्वाद पसंद है तो हम आपको एकदम हलवाई स्टाइल इमली की चटनी की रेसिपी बता रहे हैं। आप इस चटनी को बनाकर महीनों फ्रिज में स्टोर करके रख सकते हैं। इसका स्वाद इतना लाजवाब होता है कि आप खुद को खाने से नहीं रोक पाएंगे। चटनी का स्वाद बढ़ाने और इसे हेल्दी बनाने के लिए इसमें नट्स और सीड्स भी डाल सकते हैं। तो चलिए फटाफट बिना देरी किए नोट कर लीजिए आप सबकी पसंदीदा इमली की चटनी की रेसिपी।
इमली की चटनी की रेसिपी
पहला स्टेप- चटनी बनाने के लिए आप करीब 100 ग्राम इमली ले लें और इसे किसी बाउल में डालकर ऊपर से गर्म पानी डाल दें। इसे कवर करके आधा घंटे के लिए छोड़ दें। अब इमली को पानी में ही हाथों से मसल लें। सारा गूदा अच्छी तरह से मसल लें। अब इसे थोड़े मोटे छेद वाली छन्नी में डालकर छान लें। आपको इमली का सारा पल्प निकालना है। बचे हुए बीज और रेसों को फेंक दें या पीतल और तांबे के बर्तन साफ करने के लिए इस्तेमाल करें।
दूसरा स्टेप- अब एक कड़ाही में 1 चम्मच कोई भी कुकिंग ऑयल डालें। तेल में जीरा और हींग डालकर इमली वाला पूरा पानी पल्प समेत मिक्स कर दें। अब इसे 2-3 उबाल आने तक पकाएं। अब इमली के पानी में कद्दूकस की गई अदरक या सूखी अदरक का पाउडर जिसे सौंठ कहते हैं वो 1 चम्मच मिला दें। अब स्वादानुसार गुड़ डाल दें। हम 1 कप बारीक टुकड़ों में कटा गुड़ डाल रहे हैं।
तीसरा स्टेप- इसमें 1 चम्मच पिसी सौंफ, लाल मिर्च पाउडर, काला नमक, सफेद नमक, जीरा पाउडर डाल दें। इसे तब तक पकाएं जब तक ये गाढ़ी न हो जाए। इमली की चटनी थोड़ी गाढ़ी अच्छी लगती है। अब इसमें मेलन सीड्स, किशमिश और बारीक लंबाई में कटे खजूर डाल दें। सारी चीजों को अच्छी तरह से मिला लें। गैस बंद कर दें और चटनी को ठंडा होने दें।
अब इसे किसी कांच के जार में भरकर फ्रिज में स्टोर कर दें। बिना फ्रिज के भी आप इसे 10-15 दिनों तक स्टोर करके रख सकते हैं। इस चटनी को चीला, समोसा और चाट के साथ इंजॉय कर सकते हैं।